ऐस्तर की कहानी इंजील में है। ऐस्तर यहूदी महारानी था परांतु इसलिए क्योंकि उसने फारस का महाराज के साथ शादी हो गयी थी। इज़राइल का देश ने फारस से विजय प्राप्त कर गया था और अनेक यहूदी वाली लोग अपना देश से फारस ला जाते थे। जब महाराज की नयी पत्नी इच्छा था तब उसने उसका देश में औरतियों के बीच से चुना। उसने ऐस्तर चुना। ऐस्तर को उसके साथ विवाह करना नहीं पसंद था। महाराज यहूदी नहीं था और धार्मिक यहूदी लोग को विदेशी के साथ शादी नहीं हो जाना चाहिए। हालांकि ऐस्तर का चाचा जिसका नाम मोरदकाइ हुआ ने कहा कि शायद भविष्य में यह शक्ति का पद (position) यहूदी लोग का मदद करे।
फिर एक दिन संकट उनको जोखिम में डालता था (threatened)। महाराज का प्रशाकत (administrator) जिस आदमी का नाम हेमन हुआ उसको बहुत गर्व लगता था। जब भी हर समय वह गली से चलता था तब भी उसकी इच्छा था कि सब लोग उसको सिर झुकाता था (bow)। मगर मोरदकाइ ऐसे नहीं करता था। हेमन को बहुत नाराज़ लगता था। उसने कहा कि मुझके सामने खाड़ा रहने का परित्याग कर। मोरदकाइ ने कहा कि मुझे बगवान के सामने ही सिर झुकाना है और आप बगवान नहीं हैं। हेमन को ज़्यादा नाराज लगता था और उसने वचन दिया (vowed) कि मोरदकाइ और सब यहुदी लोग मार जाएंगे। उसने आज्ञा दिया (commanded) कि कोई एक दिन पर हर लोग को शहर में यहूदी लोग हत्या कर चाहिए। कितने भीषण बात! मोरदकाइ ने ऐस्तर पत्र भेज कर कहा कि अब आप ही हम बचाना सकते हैं। ऐस्तर को महाराज से प्रार्थना (favor/boon) पूछना पड़ता था।
उसने राजमहल का मार्ग में घुसा। आमतौरसे वह राज के सामने खुशी दिखाती थी लेकिन इस समय उसको दुख लगता था। महाराज ने पूछा कि आप उदास (downcast) क्यों हैं? क्या आपकी तबीयत (mental health) अच्छा नहीं है? ऐस्तर ने कहा कि कोई व्यक्ति मुझे हत्या करने की कोशिश कर रहा है। महाराज आश्चर्यचकित था। कौन ऐसे कर रहा है? ऐस्तर ने कहा कि आपका अपना प्रशाकत हेमन सब यहुदी लोग हत्या करना चाहता है। महाराज ने नया घोषणा (proclamation)तुरन्त (immediately) दिया। जब कोई एक दिन पर फारसी लोग यहूदी लोग को हत्या करने पाएंगे (will be able to kill) तब सब यहुदी लोग भी सुरक्षा के लिए हथियारों का इस्तेमाल करने पाएंगे। (फारस में अगर कनुन हो जाए तो महाराज ही नहीं बदाल सकता था।) महाराज ने तये किया कि हेमन को मार जाना चाहिए और उसका नया प्रशाकत के लिए उसने मोरदकाइ नियुक्त किया। (appointed) ऐस्तर ने उसका चाचा और देशभाईयों (compatriots) के जीवन बचाया था क्योंकि फारस में महारानी था।
फिर एक दिन संकट उनको जोखिम में डालता था (threatened)। महाराज का प्रशाकत (administrator) जिस आदमी का नाम हेमन हुआ उसको बहुत गर्व लगता था। जब भी हर समय वह गली से चलता था तब भी उसकी इच्छा था कि सब लोग उसको सिर झुकाता था (bow)। मगर मोरदकाइ ऐसे नहीं करता था। हेमन को बहुत नाराज़ लगता था। उसने कहा कि मुझके सामने खाड़ा रहने का परित्याग कर। मोरदकाइ ने कहा कि मुझे बगवान के सामने ही सिर झुकाना है और आप बगवान नहीं हैं। हेमन को ज़्यादा नाराज लगता था और उसने वचन दिया (vowed) कि मोरदकाइ और सब यहुदी लोग मार जाएंगे। उसने आज्ञा दिया (commanded) कि कोई एक दिन पर हर लोग को शहर में यहूदी लोग हत्या कर चाहिए। कितने भीषण बात! मोरदकाइ ने ऐस्तर पत्र भेज कर कहा कि अब आप ही हम बचाना सकते हैं। ऐस्तर को महाराज से प्रार्थना (favor/boon) पूछना पड़ता था।
उसने राजमहल का मार्ग में घुसा। आमतौरसे वह राज के सामने खुशी दिखाती थी लेकिन इस समय उसको दुख लगता था। महाराज ने पूछा कि आप उदास (downcast) क्यों हैं? क्या आपकी तबीयत (mental health) अच्छा नहीं है? ऐस्तर ने कहा कि कोई व्यक्ति मुझे हत्या करने की कोशिश कर रहा है। महाराज आश्चर्यचकित था। कौन ऐसे कर रहा है? ऐस्तर ने कहा कि आपका अपना प्रशाकत हेमन सब यहुदी लोग हत्या करना चाहता है। महाराज ने नया घोषणा (proclamation)तुरन्त (immediately) दिया। जब कोई एक दिन पर फारसी लोग यहूदी लोग को हत्या करने पाएंगे (will be able to kill) तब सब यहुदी लोग भी सुरक्षा के लिए हथियारों का इस्तेमाल करने पाएंगे। (फारस में अगर कनुन हो जाए तो महाराज ही नहीं बदाल सकता था।) महाराज ने तये किया कि हेमन को मार जाना चाहिए और उसका नया प्रशाकत के लिए उसने मोरदकाइ नियुक्त किया। (appointed) ऐस्तर ने उसका चाचा और देशभाईयों (compatriots) के जीवन बचाया था क्योंकि फारस में महारानी था।